
राहुल भोई महासमुंद..
एनालॉग पनीर पर खाद्य विभाग की सख्ती, वैद्य फूड्स का पनीर जांच में असुरक्षित
महासमुंद। जिले में एनालॉग पनीर और अमानक दुग्ध उत्पादों की बिक्री एवं निर्माण पर रोक लगाने के लिए खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने जांच और प्रवर्तन कार्रवाई तेज कर दी है। आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं कलेक्टर श्री विनय कुमार लगेह के निर्देश तथा अभिहित अधिकारी श्री उमेश वर्मा के मार्गदर्शन में जिले के अलग-अलग प्रतिष्ठानों से पनीर और अन्य दुग्ध उत्पादों के नमूने लेकर उनकी गुणवत्ता की जांच कराई जा रही है।
इसी क्रम में महासमुंद स्थित वैद्य फूड्स से लिए गए पनीर के नमूने की जांच रिपोर्ट में उसे असुरक्षित पाया गया। रिपोर्ट सामने आने के बाद विभाग ने नियमानुसार अधिगृहित खाद्य पदार्थों को नष्ट कराया। इसके साथ ही संबंधित फैक्ट्री को सील करने की कार्रवाई भी की गई है।

विभाग के अनुसार, इस माह अब तक जिले के विभिन्न प्रतिष्ठानों से लिए गए दुग्ध उत्पादों के नमूनों की जांच कराई जा रही है। क्षीरसागरम स्वीट्स, सरायपाली से लिए गए पनीर एवं पेड़ा, यश फैमिली रेस्टोरेंट, बागबाहरा से लिए गए पनीर तथा हर्षद मिष्ठान से लिए गए पेड़ा की जांच रिपोर्ट अभी लंबित है।
वहीं कश्यप ऑर्गेनिक, बसना से लिए गए पनीर एवं दही के नमूने जांच में अवमानक पाए गए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्राप्त जांच रिपोर्ट के आधार पर संबंधित प्रतिष्ठानों के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा कानून के तहत नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। लंबित नमूनों की रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद उनके आधार पर भी आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा जिले में दूध, पनीर, दही, पेड़ा सहित अन्य दुग्ध उत्पादों की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। विभाग का कहना है कि उपभोक्ताओं को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। एनालॉग पनीर और अमानक दुग्ध उत्पादों के निर्माण एवं बिक्री पर प्रभावी रोक लगाने के लिए आने वाले दिनों में भी जांच और प्रवर्तन कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

