परिवारजनों से भेंट कर संवेदनाएं प्रकट की और ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें एवं परिजनों को इस कठिन समय में धैर्य और संबल प्रदान करें।


उन्होंने छत्तीसगढ़ी भाषा और हास्य साहित्य को वैश्विक मंच पर सम्मान दिलाया। उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा।


