मुंडकटियापारा स्कूल में स्थानीय भाषा, संस्कृति और परंपराओं का किया अवलोकन

बस्तर विकास खंड के संकुल खड़का-मधोता अंतर्गत माध्यमिक/प्राथमिक शाला मुंडकटियापारा में बहुभाषी शिक्षा कार्यक्रम के तहत विशेष शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक भ्रमण आयोजित किया गया। इंग्लैंड के लंदन से पहुंचे ग्लोबल एजुकेशन फोटोग्राफर जोनाथन ब्रोवनिग ने विद्यालय में संचालित बहुभाषी शिक्षा व्यवस्था और बस्तर की स्थानीय संस्कृति को करीब से जाना।

जोनाथन ब्रोवनिग के साथ राज्य बहुभाषी स्पेशलिस्ट संजय गुलाटी एवं बहुभाषी शिक्षा समन्वयक बस्तर गोकुल नाथ दीवान भी मौजूद रहे। भ्रमण के दौरान दल ने विद्यालय के शाला संग्रहालय का अवलोकन किया तथा छात्र-छात्राओं, पालकों और स्थानीय जनसमुदाय से संवाद कर स्थानीय भाषा, संस्कृति, परंपराओं और शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी जानकारी प्राप्त की।

शाला संग्रहालय में संरक्षित बस्तर की सांस्कृतिक वस्तुओं ने विदेशी मेहमान का विशेष ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने स्थानीय लोक-संस्कृति, परंपराओं और समुदाय आधारित शिक्षा के प्रयासों को देखा तथा विद्यालय द्वारा स्थानीय संस्कृति को शिक्षा से जोड़ने की पहल की सराहना की।

इस अवसर पर बस्तर मंडल अध्यक्ष सुखदेव मंडावी, संकुल समन्वयक कृष्णा सिंह ठाकुर, लोकेश्वर यदु, सुमेश बघेल, राजेन्द्र सिंह, योगेश कुमार निषाद, रामनिवास देहारी, हरदेव कश्यप सहित शाला परिवार के शिक्षक एवं अन्य सदस्य उपस्थित रहे।

विद्यालय में हुए इस भ्रमण को बस्तर की बहुभाषी एवं सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक शैक्षणिक पटल पर पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। स्थानीय भाषा और संस्कृति को शिक्षा से जोड़ने की यह पहल बस्तर की विशिष्ट पहचान को देश-विदेश तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभा सकती है।

