
राहुल भोई महासमुंद…
महासमुंद, 25 जुलाई 2026। महासमुंद पुलिस ने वर्ष 2020 के चर्चित धोखाधड़ी मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए छह वर्षों से फरार ट्रेलर वाहन मालिक सतनाम सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ट्रेलर वाहन के पुराने नेशनल परमिट पर क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) रायपुर की सील और अधिकारी के फर्जी हस्ताक्षर कर कूटरचित दस्तावेज तैयार कर शासन को गुमराह कर धोखाधड़ी कर रहा था।
मामले का खुलासा 22 अगस्त 2020 को थाना सिंघोड़ा क्षेत्र स्थित खम्हारपाली परिवहन चेक पोस्ट में वाहन क्रमांक CG04 JD 1539 की जांच के दौरान हुआ था। चेक पोस्ट प्रभारी राजेन्द्र कुमार बर्मन ने वाहन के दस्तावेजों की जांच में नेशनल परमिट को संदिग्ध पाया। परिवहन विभाग के ऑनलाइन रिकॉर्ड से मिलान करने पर दस्तावेज फर्जी पाए गए, जिसके बाद थाना सिंघोड़ा में अपराध क्रमांक 66/2020 के तहत धारा 420, 467, 468, 471 एवं 34 भादवि में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
घटना के बाद ट्रेलर चालक सोनू सिंह गिल उर्फ सोहन सिंह वाहन छोड़कर फरार हो गया था, जबकि वाहन मालिक सतनाम सिंह भी मामला दर्ज होने की जानकारी मिलते ही फरार हो गया। दोनों आरोपियों की पिछले 5-6 वर्षों से लगातार तलाश की जा रही थी।
जांच के दौरान पुलिस ने सीडीआर एनालिसिस, टेक्निकल एनालिसिस और टावर डंप की मदद से आरोपी की लोकेशन ट्रेस की। जानकारी मिली कि आरोपी छत्तीसगढ़ छोड़कर पंजाब में छिपकर रह रहा है। इसके बाद महासमुंद पुलिस की टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी सतनाम सिंह (35 वर्ष), निवासी सीएच-143, वीर सावरकर नगर, रायपुर को गिरफ्तार कर थाना सिंघोड़ा लाया।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वर्ष 2020 में कोरोना काल के दौरान उसका ट्रेलर चालक सोनू सिंह गिल चला रहा था। वाहन के दस्तावेजों में कूटरचना कर फर्जी नेशनल परमिट का उपयोग किया गया था। पुलिस ने आरोपी का मेमोरेंडम कथन दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
गिरफ्तार आरोपी
सतनाम सिंह, पिता कबीर सिंह चिमा, उम्र 35 वर्ष, निवासी सीएच-143, वीर सावरकर नगर, रायपुर (छत्तीसगढ़)।


