*चिल्हाटी पुलिस का कारनामा, पत्रकार, पत्नी और पिता के खिलाफ दर्ज किया गया बेहद संगीन मामला*
मोहला -अब एक ही मामले में पुलिस अपने मनमर्जी से एक से अधिक एफआईआर दर्ज कर सकती है और नस्तीबद्ध किसी भी फाइल को बगैर न्यायालय के अनुमति जब चाहे विचार में ला सकती है, कुछ ऐसा ही कारनामा कर दिखाया है मोहला मानपुर अंबागढ़ चौकी जिले के चिल्हाटी पुलिस ने मामले में सारा राजनीतिक दबाव और षड्यंत्र कर जिले के एक पत्रकार उसकी बीमार आसक्त पत्नी, 70 वर्षीय पिता के खिलाफ पुलिस ने 3 महीने के भीतर एक ही प्रकरण में दो-दो बार एफआईआर दर्ज कर पत्रकार परिवार के जिंदगी के साथ खेल करने का मामला सामने आया है।इधर पत्रकार , उनकी पत्नी-पिता के ऊपर चिल्हाटी थाना में दर्ज किए गए प्रकरण को लेकर मोहला मानपुर अंबागढ़ चौकी जिले के पत्रकारों में पुलिस प्रशासन के खिलाफ गहरी नाराजगी पंनपा हुआ है । प्रेस क्लब की एक आपात बैठक शुक्रवार को सुबह आयोजित की गई जिसमें षड्यंत्र कारी पुलिसिया कार्रवाई के खिलाफ जिले भर के आंचलिक पत्रकार मामले में एकजुट हो गए हैं।
एक ही मामले में दो दो बार एफआईआर -अंबागढ़चौकी विकासखंड के चिल्हाटी थाना अंतर्गत कहाडकसा निवासी आंचलिक पत्रकार केजन साहू, उनकी बीमार पत्नी तथा 70 वर्षीय बुढ़े पिता के खिलाफ चिल्हाटी थाने में जमीन विवाद पानी निकासी के मामले मे पुलिस प्रशासन के डीएसपी के जांच उपरांत 20 जून 2025 को प्रतिबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर अबागढ चौकी तहसील न्यायालय में प्रकरण प्रस्तुत किया गया । अब इसी मामले में 3 महीने बाद 9 सितंबर देर रात चिल्हाटी थाने में राजनीतिक दबाव के चलते पुलिस ने जातिगत प्रताड़ना गाली गलौज करने का दुसरा घातक मामला दर्ज कर लिया है।
कानूनी धाराओं के साथ खेल रही है पुलिस- आज प्रेस क्लब की बैठक में उपस्थित सभी आंचलिक पत्रकारों ने इस पुलिसिया कार्रवाई को षडयंत्र करार देते हुए पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका को बेहद संदिग्ध करार देते हुए कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच के बजाय राजनैतिक दबाव के चलते पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने पत्रकार साथी और उसके परिवार को परेशान करने की साजिश रची है।प्रेस क्लब अध्यक्ष एनिशपुरी गोस्वामी ने कहा कि पत्रकारों के ऊपर इस प्रकार का दमनकारी रवैया किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अगर शासन-प्रशासन व पुलिस निष्पक्ष जांच नहीं करती और आरोपों को वापस नहीं लेती, तो पत्रकार समाज लोकतांत्रिक तरीके से व्यापक आंदोलन खड़ा करेगा।
वरिष्ठ अधिकारियों के कहने पर किया एफआईआर -3 महीने के भीतर एक ही प्रकरण में दो-दो एफआईआर दर्ज करने के मामले में चिल्हटी थाना प्रभारी सजय मरावी से उनका पक्ष लेने पर उन्होंने कहा कि वरिष्ठ अधिकारी थाने में आकर बैठ गए थे जिसके कारण एफआईआर दर्ज करना पड़ा।






