*हम मजदूरी मांग रहे भीख नही’…मजदूरी भुगतान के लिए वन विभाग कार्यालय का चक्कर काटने को मजबूर…।आर, एल, कुलदीप की खास खबर:-*
दुर्गूकोंदल:-
जिले के वन विभाग में कर्मचारियों ने मजदूरों से काम कराकर लगभग 06 माह से उनकी मजदूरी नहीं दी है. मजदूरी के लिए सभी मजदूर वन विभाग के चक्कर लगा कर थक गये हैं. मजदूर अब कांकेर कलेक्टर से मजदूरी दिलाने की गुहार लगाने जानेवाले हैं.
ओडाहुर साधुमिचगांव,कोडोगांव के लगभग 50 से 60भी अधिक मजदूरों से लकड़ी की कटाई का कार्य कराया गया है लेकिन छ: माह बाद भी मजदूरों को उनकी मजदूरी नहीं दी गयी है. मजदूर लगातार अधिकारियों से मजदूरी भुगतान की मांग करते आ रहे हैं. लेकिन अधिकारी बजट नहीं होने का हवाला देकर मजदूरों की मांग टालते आ रहे है. वन विभाग के चक्कर लगाकर थक चुके मजदूर अब कलेक्टर से मजदूरी दिलाने की गुहार लगा रहे हैं. मजदूरों का कहना है कि “उनका लगभग 15,,,,15 दिनो का मजदूरी भुगतान बाकी है. जिसके कारण हालत ऐसी है कि वो कर्ज लेकर अपने परिवार का भरण पोषण कर रहे हैं
यही कारण है कि जब मजदूरों को समय पर मजदूरी नहीं मिलती है, तो वे पलायन कर दूसरे प्रदेश में मजदूरी के लिए जाते हैं.
मजदुर जिन्होंने काम किया
मेधनाथ दुग्गा, बन्शीलाल दुग्गा, हिराराम मरकाम
जोहन लाल दुग्गा, नरेन्द्र कुमार मरकाम, शिजगनाथ दुग्गा,
चैनसिंह यादव, सुरेश कुमार दुग्गा, सुनिल हुएगा, पिकेश
कुमार दुग्गा, सोनसिंह दुग्गा, विजय सलाम, सलेन्द्र कुमार, रामदास कोमरा, मोहनाथ गुग्गा,खिरतन यादव,
राजमान दुग्गा, फुलसिहं दुग्गा, दिपक दुग्गा, बिरबाल कोमरा, धनसाथ सलाम, अविनाश दुग्गा, अशोक
हेरसलाम, बुधराम सलाम, मन्शा सलाम रामदेर सलाम, दयाराम सलाम, रंजीत कोला सुरित दुग्गा, रायसिंह कोला, लालजी दुग्गा, राजेश
कुलदीप, राजू राम दुग्गा, जगदीश दुग्गा, विमश्रा उसेण्डी राजकुमार केडाम, रैनसिंह धुवा,आदि।
वर्जन
अभी भावचर बन गया है एक सप्ताह तक भुगतान हो जायेगा।ईकुबेर के कारण उनका पैमेंट फस गया था लेकिन अब पैमेंट हो जायेगा।
पुर्व वन मण्लाधिकारी
भानुप्रतापपुर
दुलेश्वर प्रसाद साहू





