Sunday, April 19, 2026

UDYAM CG08D0001018

register form
Home छत्तीसगढ़ *माता पिता ही गर्भस्थ शिशु के जेनेटिक इंजीनियर होते हैं* ...

*माता पिता ही गर्भस्थ शिशु के जेनेटिक इंजीनियर होते हैं* *बीजापुर जिले में आओ गढ़ें संस्कारवान पीढ़ी कार्यक्रम सम्पन्न हुआ*,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,*तेज नारायण सिंह की रिपोर्ट*,,

0
183

*माता पिता ही गर्भस्थ शिशु के जेनेटिक इंजीनियर होते हैं*

*बीजापुर जिले में आओ गढ़ें संस्कारवान पीढ़ी कार्यक्रम सम्पन्न हुआ*,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,*तेज नारायण सिंह की रिपोर्ट*,,

बीजापुर :::::::::::::::::::::::: गायत्री परिवार बीजापुर शक्तिपीठ द्वारा सुसंस्कृत पीढ़ी के निर्माण के लिए सभी ब्लाकों में गर्भ संस्कार जनजागरूकता कार्यक्रम सम्पन्न कराया गया।

ग्रामीण जनता को गर्भ संस्कार का महत्व बताते हुए जागरूक किया गया कि गर्भ में बच्चे के मस्तिष्क का 80 प्रतिशत विकास हो जाता है।

गर्भस्थ शिशु गर्भ में सुनता है,आवाज ,महक,स्वाद आदि के प्रति प्रतिक्रिया भी दर्शाता है। खुशी ,दुख,तनाव को भी पहचानता है।

सबको अवगत कराया गया कि शारीरिक ही नही मानसिक,सामाजिक आध्यात्मिक दृष्टि से स्वास्थ्य कैसे गढ़ा जाय, क्योंकि W.H.O. ने भी इन चारों स्वास्थ्य को स्वीकार किया है इस बारे में बताया गया।

ऋषि परम्परा ,वैदिक काल,इतिहास काल की उन नारियों का उदाहरण देकर गर्भवतियों को बताया गया कि आज भी शिशुओं को मन चाहे सांचे में ढाला जा सकता है। माता पिता शिशु के जेनेटिक इंजीनियर होते है।

गर्भवतियों को आदर्श दिनचर्या, योग, प्राणायाम, ध्यान, संतुलित, सात्विक, संस्कारित आहार बताए गए।

बच्चे के भीतर संस्कार स्थापित करने के 10 तरीके बताए जिसे गर्भ संवाद कहते है।

सभी विषयों को दुर्ग से आई गर्भ संस्कार की सक्रिय कार्यकर्ता बहिनें मीनाक्षी विश्वास और यामिनी साहू की टोली ने संपन्न कराया।

कार्यक्रमों में 1 कुंडीय गायत्री महायज्ञ व दीपयज्ञ के साथ संस्कार सम्पन्न कराया गया और साथ ही गर्भवती माताओं को सत्साहित्य अखंड ज्योति, युग निर्माण योजना, प्रज्ञा पाक्षिक,गायत्री मंत्र लेखन, गर्भ संस्कार की पुस्तिका तथा संस्कारित भोजन बनाने हेतु बलिवैश्य देव यज्ञ स्टीकर निशुल्क दिया गया।

1 सप्ताह तक लगातार आयोजित इस कार्यक्रम में दिनांक 28 दिसंबर 2023 से 3 जनवरी 2024 तक जिले में कुल 78 गर्भवती माताओं का गर्भ संस्कार हुआ साथ ही लगभग 700 लोगों तक यह संदेश पंहुचा।

इस कार्यक्रम के साथ साथ दंतेवाड़ा में 2 से 5 फरवरी तक आयोजित 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ का शक्ति कलश का सभी ब्लाक में भ्रमण कार्यक्रम चलता रहा।

कार्यक्रम को संपन्न करने के लिए अशोक राव, अजीत पटेल, शैलेंद्र भदौरिया, संतोष अग्गीवार, के.जी.सावित्री,पवन सोनी, रूमा देवी, पी.नागेश, पी.निर्मला, कुंवर सिंह मज्जी, सत्यसागर अरिगेला, मोतीराम संड्रा, रुकमणी झाड़ी, टी. हेमलता, नागेश सवरागिरी, पूर्णचंद बेहरा, सहदेव वाचम, दसरू पदामी, संतूराम यादव, रामेश्वरी यादव, जगदेव यादव, सरजू भास्कर,सत्यप्रेम बेंजाम, भीमे इचामी, अर्चना सिंह, गायत्री मरकाम, उर्मिला बीरा, के.सुनीता, महेश नेताम,अच्छेलाल परिव्रजक, मोहनी साहू, सहित जिले के पदाधिकारी खेमिन यादव, के.संतोष,बीरा राजबाबू, रामयश विश्वकर्मा, विजयबहादुर राजभर, जयपाल सिंह राजपूत एवं प्रमुख प्रबंध ट्रस्टी शंकर कुडियम तथा दंतेवाड़ा की महिला टीम इंदिरा महापात्र, शशिबाला मिश्रा, सरिता मिश्रा, पुष्पा पिस्दा सहित अनगिनत परिजनों ने सहयोग कर कार्यक्रम को सफल बनाया।

आंगनबाड़ी सुपरवाइजर, कार्यकर्ताओं का गर्भवती माताओं को कार्यक्रम में सम्मिलित कराने हेतु विशेष सहयोग रहा जिन्हे महिला प्रकोष्ठ बीजापुर द्वारा मंच से आभार व्यक्त किया गया।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here