मनीष कौशिक
मोहला—-ग्राम मार्री ग्राम मार्री में आयोजित दो दिवसीय रामायण सम्मेलन का समापन रविवार को श्रद्धा, भक्ति और भव्यता के वातावरण में सम्पन्न हुआ। पूरे आयोजन के दौरान ग्रामीणों की उल्लेखनीय उपस्थिति व उत्साह ने कार्यक्रम को विशेष गरिमा प्रदान की।समापन के अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत अध्यक्ष एवं एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह उपस्थित रहीं। उन्होंने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि “रामायण केवल धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा देने वाला आचार–संहिता का ग्रंथ है, जो समाज में सद्भाव, मर्यादा और मानवता के भाव को मजबूत बनाता है।”उन्होंने ग्राम मार्री की आयोजन क्षमता, अनुशासित सहभागिता और सांस्कृतिक जुड़ाव की प्रशंसा करते हुए इसे “समूह शक्ति और सामाजिक एकता का श्रेष्ठ उदाहरण” बताया।दो दिवसीय कार्यक्रम में सामूहिक रामायण पाठ, भजन-कीर्तन एवं आध्यात्मिक आयोजनों ने पूरे गांव में भक्ति एवं सकारात्मक ऊर्जा का वातावरण निर्मित किया। महिलाओं, युवाओं, वरिष्ठ नागरिकों सहित सभी वर्गों की सहभागिता ने आयोजन को और अधिक जीवंत बना दियाकार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों एवं विशिष्टजनों की गरिमामय उपस्थिति रही, जिनमें—गैंंदकुंवर ठाकुर(अध्यक्ष, जनपद पंचायत मोहला),संगीता मिश्रा(अध्यक्ष, जिला महिला मोर्चा),संदीप साहू(मंडल अध्यक्ष, कौड़ीकसा),शत्रुघन चुरेंद्र(जनपद सदस्य अंबागढ़ चौकी),मनोज कोरटीया(महामंत्री, मंडल कौड़ीकसा),जनक सोनवानी,गणेश राम देवांगन (प्राचार्य),सनत साहू,बिहारी पटेल (वरिष्ठ नागरिक),नंदकुमार अमरिया,वीरनारायण यूके,नवल दास साहू(समिति अध्यक्ष),मनक साहू सहित ग्राम समिति के सभी सदस्य एवं भारी संख्या में ग्रामीणजन शामिल रहे।समापन अवसर पर श्रीमती नम्रता सिंह ने आयोजन समिति एवं ग्रामवासियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि *“धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम समाज में समरसता, सकारात्मकता और सामूहिकता की भावना को बढ़ाते हैं।”सम्मेलन का समापन प्रभु श्रीराम के सामूहिक जयघोष और मंगलकामनाओं के साथ हुआ।






